बिलासपुर अरविंद मिश्रा शिव तिवारी



वीर सपूतों के बलिदान को न भूलें -कुलपति प्रो. चक्रवाल
78वें स्वतंत्रता दिवस पर जरूरतमंद विद्यार्थियों हेतु सुदामा योजना का शुभारंभ
बिलासपुर। गुरु घासीदास विश्वविद्यालय (केन्द्रीय विश्वविद्यालय) में दिनांक 15 अगस्त, 2024 को 78वां स्वतंत्रता दिवस समारोह राष्ट्रीय ध्वज के ध्वजारोहण हर्षोल्लास और उत्साह के साथ मनाया गया। इस अवसर पर जरूरतमंद विद्यार्थियों के लिए गुरु घासीदास विश्वविद्यालय सुदामा योजना का शुभारंभ शिक्षा संस्कृति उत्थान न्यास, नई दिल्ली के राष्ट्रीय सचिव डॉ. अतुल कोठारी के कर कमलों द्वारा आभासी माध्यम से किया गया। विश्वविद्यालय के माननीय कुलपति महोदय प्रोफेसर आलोक कुमार चक्रवाल ने 78वें स्वतंत्रता दिवस की शुभकामनाएं प्रदान करते हुए विश्वविद्यालय परिवार के सदस्यों को संबोधित करते हुए कहा कि वीर सपूतों के बलिदान से मिली यह अमूल्य स्वतंत्रता को कभी नहीं भूलना चाहिए। हमें उनके सपनों को विकसित भारत के रूप में राष्ट्र को समर्पित कर सच्ची श्रद्धांजलि देनी होगी। उन्होंने आह्वान किया कि प्रत्येक विद्यार्थी अपने कौशल एवं उद्यमिता से देश के यशस्वी प्रधानमंत्री माननीय श्री नरेन्द्र मोदी जी के विकसित भारत के सपने को साकार करने के लिए स्वावलंबन को अंगीकार करते हुए समर्पित भाव से जुट जाए। उन्होंने कहा कि विश्वविद्यालय विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास के लिए कटिबद्ध है, इस संकल्प को पूरा करने के लिए सभी का सहयोग आवश्यक है।
78वें स्वतंत्रता दिवस समारोह के अवसर पर मुख्य अतिथि शिक्षा संस्कृति उत्थान न्यास, नई दिल्ली के राष्ट्रीय सचिव डॉ. अतुल कोठारी ने कहा कि विश्वविद्यालय निरंतर विद्यार्थियों के हितों के लिए प्रयत्नशील है तथा सुदामा योजना संभवत: देश की पहली अनूठी योजना है जो विद्यार्थियों के उच्च शिक्षण के दौरान आने वाली आर्थिक बाधाओं को दूर करने के लिए बनाई गई है। डॉ. कोठारी ने कहा कि राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 में भारत को विकसित व ज्ञान का केन्द्र बनाने की नीति बनाई गई है जिसे हमें संपूर्ण रूप में धरातल पर उतारना होगा। इस हेतु गुरु घासीदास केन्द्रीय विश्वविद्यालय लगातार अनुकरणीय प्रयास कर रहा है।
गुरु घासीदास विश्वविद्यालय सुदामा योजना (जीएसवाई)
यह योजना विश्वविद्यालय के अध्ययनरत विद्यार्थियों के पठन-पाठन में आर्थिक कठिनाइयों से आने वाले व्यवधान को दूर करने के लिए विश्वविद्यालय के माननीय कुलपति महोदय प्रोफेसर आलोक कुमार चक्रवाल ने कल्याणकारी गुरु घासीदास विश्वविद्यालय सुदामा योजना के शुभारंभ अवसर पर कहा कि इस योजना का उद्देश्य ऐसे प्रतिभावान विद्यार्थियों के लिए उच्च शिक्षा का द्वार खोलना है जो किसी आर्थिक कठिनाई के कारण अपने सपनों को पूरा नहीं कर पाते हैं। इस योजना के अंतर्गत ऐसे विद्यार्थियों को आर्थिक सहायता प्रदान की जाएगी, जिससे वो शिक्षा के सोपान पर अग्रसर हो सकें।
इस पुण्य कार्य में समाज का प्रत्येक वर्ग जिसमें संस्था, ट्रस्ट, व्यापारी, उद्योगपति, व्यक्ति, विद्यार्थी, परिवारजन आदि मुक्तहस्त से अंशदान प्रदान कर सकता है। उल्लेखनीय है कि इस योजना में किये गये अंशदान हेतु आयकर अधिनियम 1961 की आधार 80 जी के अंतर्गत छूट का प्रावधान है।
इससे पूर्व कुलपति महोदय, सौराष्ट्र विश्वविद्यालय की पूर्व कुलपति प्रो. नीलांबरी दवे, विश्वविद्यालय के कुलसचिव प्रो. ए.एस. रणदिवे व अधिष्ठाता छात्र कल्याण प्रो. शैलेन्द्र कुमार ने सर्वप्रथम बाबा गुरू घासीदास जी की प्रतिमा पर पुष्प अर्पित किए। तत्पश्चात मां सरस्वती की प्रतिमा एवं राष्ट्रपिता महात्मा गांधी के चित्र पर पुष्प अर्पित किये। तदुपरांत कुलपति महोदय ने एनसीसी, एनएसएस तथा विश्वविद्यालय सुरक्षाकर्मियों के परेड की सलामी ली।
कार्यक्रम के अंत में कुलसचिव प्रो. ए.एस. रणदिवे ने धन्यवाद ज्ञापित करते हुए सभी का आभार व्यक्त किया। इस अवसर पर कुलपति महोदय द्वारा छात्र कल्याण योजना के अंतर्गत विभिन्न छात्र कल्याण योजनाओं का लाभ विभिन्न संकायों के विद्यार्थियों को प्रदान किया गया। कार्यक्रम का संचालन अधिष्ठाता छात्र कल्याण प्रो. शैलेन्द्र कुमार ने किया। इस अवसर पर प्रसाद का वितरण किया गया। कार्यक्रम में समस्त विद्यापीठों के अधिष्ठातागण, विभागाध्यक्षगण, शिक्षकगण, अधिकारीगण, कर्मचारीगण एवं विद्यार्थीगण उपस्थित रहे।









